भारतीय वानिकी अनुसंधान एवं शिक्षा परिषद्
(पर्यावरण, वन मंत्रालय एवं जलवायु परिवर्तन ,भारत सरकार)
 

कृषि वानिकी एवं विस्तार प्रभाग


प्रस्तावना
एक किसान के आर्थिक लाभ में सतत् वृध्दि तभी की जा सकती है, जबकि फसल के साथ आर्थिक महत्व की कुछ वृक्ष प्रजातियों का रोपण किया जाए जिनसे कुछ समय उपरांत आर्थिक लाभ नियमित रुप से प्राप्त होता रहे। इसके अलावा संस्थान द्वारा किए गए अनुसंधान के उद्देश्य का तब पूरा होता है जब उन अनुसंधान परिणामों को फील्ड तक पहुँचाया जाए। अनुसंधान परिणामों को फील्ड तक विस्तार कार्यक्रमों के माध्यम से पहुँचाये जाने के लिए कृषि वानिकी एवं विस्तार प्रमाण का गठन हुआ है

यह प्रभाग ग्रामीण किसानों को लाभान्वित करने हेतु कृषि वानिकी के विभिन्न पहलुओं पर अनुसंधान कर रहा है। प्रभाग जनसहभागिता द्वारा वृक्षारोपण तथा कृषि वानिकी मॉडलों की स्थापना पर भी कार्य कर रहा है। संस्थान द्वारा किए गए अनुसंधान परिणामों को वन विभाग, किसान तथा अन्य पणधारियों में विस्तारित करने का कार्य प्रभाग  द्वारा किया जा रहा है।.


Plantation Techniques demostrated to farmers at VVK, Bikaner

Extension Trainings being imparted to Farmers
उद्देश्य
  • जन सहभागिता द्वारा कृषिवानिकी मॉडल तथा वृक्षारोपण को प्रोत्साहित करना
  • संस्थान के अनुसंधान परिणामों का प्रकाशन
  • जनसाधारणकेलिएप्रदर्शनपरीक्षणकाप्रदर्शनकरना
  • वानिकीसंग्रहालयकीस्थापनाऔरमॉडलबनाना
  • किसानप्रशिक्षणआयोजितकरकेवानिकीअनुसंधानकाविस्तार

नवीन जानकारी


रोजगार एवं निविदाएं


निदेशक का संदेश



एन के वासु , आई एफ एस

शुष्क वन अनुसंधान संस्थान, जोधपुर (राजस्थान) की वेबसाइट पर आपका स्वागत करते हुए मुझे बहुत प्रसन्नता हो रही है। शुष्क वन अनुसंधान संस्थान की स्थापना.... आगे देखे»

फोटो गैलरी


आगे देखे»

भा.वा.अ.शि.प संस्थान


कॉपीराइट © 2014 - शुष्क वन अनुसंधान संस्थान (शु.व.अ.सं.) रूपांकित, विकसित और मेजबानी द्वारा सूचना प्रौधोगिकी प्रभाग,भा.वा.अ.शि.प.